पितृदेव हमारे आशीष देना
ॐ पितृभ्यो नमः !
ॐ पितृभ्यो नमः !
हे हमारे पितृदेव आपको शत-शत नमन !
जिन हाथों ने घर को संवारा, जिनसे मिला हमें जीवन सारा,
जिनके संस्कारों की छाया, आज भी देती हमें सहारा,
उनकी याद में दीप जलाएं, श्रद्धा से हम शीश झुकाएं,
हे पितृदेव कृपा बनाये रखना, सच्ची राह हमें दिखलाना,
पितृदेव हमारेआशीष देना, अपने चरणों में स्थान दें,
जिनसे मिला ये जीवन हमको, उनको दिल से प्रणाम देना।
माता-पिता और पूर्वज सारे, आप हमारे जीवन के तारे,
आप की दी हुई सीख के बल पर, हम आगे बढ़ते रहे,
हमारे घर-आँगन में मंगल हो, मन में सदा सद्भाव रहे,
आपकी पावन स्मृति से, परिवार में प्रेम बना रहे,
जो दूर चले गए हमसे, उनकी यादें पास है अब भी,
उनकी बातें उनकी हंसी, दिल में रहती खास हैं अब भी,
आँखों में श्रद्धा लेकर, आज तुम्हें हम याद करें,
दीप जलाकर प्रेम से अपने, पावन चरणों को प्रणाम करे,
हे पितृदेव हमारे कर्म अच्छे हों, हमारे विचार शुद्ध हों,
आपके संस्कारों का मान रखें, आपकी स्मृति ह्रदय में रखें,
पितृदेव हमारे आशीष देना, अपनी चरणों में स्थान देना,
घर में सुख शांति बनाये रखना, अपनी कृपा बनाये रखना,
पितृदेव हमारे आशीष देना।
पितृ कृपा चालीसा श्री पितरजी चालीसा
ॐ पितृभ्यो नमः !
ॐ शांतिः !
ॐ शांतिः !
ॐ शांतिः !
