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कर्म तेरे अच्छे तो घर हीं मथुरा काशी है

  • Karm Tere Ache To Ghar Hin Mathura Kashi Hai

कर्म तेरे अगर अच्छे हैं तो, किस्मत तेरी दासी है-०२
नियत तेरी अच्छी है तो, घर हीं मथुरा काशी है-०३

कर ना सको अगर पुण्य कोई तो, कम से कम मत पाप करो,
दिल को चोट पहुँच जाए, मत ऐसा क्रिया-कलाप करो,
कर ना सको अगर पुण्य कोई तो, कम से कम मत पाप करो,
दिल को चोट पहुँच जाए, मत ऐसा क्रिया-कलाप करो,
ईर्ष्या द्वेष नहीं करता जो, वो गृहस्थ सन्यासी है,
नियत तेरी अच्छी है तो, घर हीं मथुरा काशी है-०२

झूठ कभी मत कहो किसी से, हर दम सच की राह चलो,
बेईमानी से दूर रहो तुम, होकर बेपरवाह चलो,
झूठ कभी मत कहो किसी से, हर दम सच की राह चलो,
बेईमानी से दूर रहो तुम, होकर बेपरवाह चलो,
ईश्वर अपनी संतानों से सद्गुण का अभिलाषी है,
नियत तेरी अच्छी है तो, घर हीं मथुरा काशी है-०२

इसे अवश्य सुनें : कर्मों का खाता जो दूसरों को दुःख देता है

लूट खसोट करो मत हरगिज, क्या लेके तुम जाओगे,
गला काटकर इंसानों का, आखिर क्या तुम पाओगे,
लूट खसोट करो मत हरगिज, क्या लेके तुम जाओगे,
गला काटकर इंसानों का, आखिर क्या तुम पाओगे,
रोटा है सत्येंद्र अनुज, जो लोलुप और विलासी हैं,
नियत तेरी अच्छी है तो, घर हीं मथुरा काशी है-०२
कर्म तेरे अगर अच्छे हैं तो, किस्मत तेरी दासी है-०२
नियत तेरी अच्छी है तो, घर हीं मथुरा काशी है-०५


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