मन में लगन हो तो प्रभु मिल जाएंगे
प्रेम की अगन हो, भक्ति सघन हो,
मन में लगन हो तो, प्रभु मिल जाएंगे।।
प्रेम की अगन हो, भक्ति सघन हो,
मन में लगन हो तो, प्रभु मिल जाएंगे ।।
हृदय में भाव हो, अनुनय की छांव हो
आराधन का गांव हो, तो मन खिल जाएंगे
प्रेम की अगन हो, भक्ति सघन हो।।
श्रद्धा की जोत हो, मैन में ना खोट हो
करुणा का स्रोत हो, तो प्रभु श्री आएंगे
प्रेम की अगन हो, भक्ति सघन हो।।
चरणों की छाह हो, भक्ति प्रवाह हो
पूजा की राह हो, तो प्रभु हर्षाएंगे
प्रेम की अगन हो, भक्ति सघन हो।।
भजनों के बोल हो, भाव अनमोल हो
अर्चन के मोल हो, तो प्रभु मुस्काएँगे
प्रेम की अगन हो, भक्ति सघन हो।।
नारायण धन हो, छवि में मगन हो
अर्चन वंदन हो, तो प्रभु दर्शाएंगे
प्रेम की अगन हो, भक्ति सघन हो ।।

