श्री राम मेरे घर आये ने चली आइया मौज बहारा ने
श्री राम मेरे घर आये ने
चली आइया मौज बहारा ने।।
ओहदा नाम बड़ा ही चंगा है,
चरना विच बेहंदी गंगा है,
आज रज रज गोते लाये
चली आइया मौज बहारा ने,
श्री राम मेरे घर आये।।
कोई ता मंगे वर तेतो
तू मेरा दिलबर जानी है,
मेरे सुतड़े भाग जगाये
चली आइया मौज बहारा ने,
श्री राम मेरे घर आये।।
ओह्दी आँख दी जोत निराली है
जिमे चाँद चमके आसमानी है,
आज रज रज दर्शन पाए,
चली आइया मौज बहारा ने,
श्री राम मेरे घर आये।।
