साईं संध्या दी आई

  • sai sandhya di aai

साईं संध्या दी आई आई सोहनी रात,
की साईं साईं बोलदे रहिये
बेठे साईं गुण गाउंदे,
तेरे भक्त ने प्यारे,
साईं गूंजदे जयकारे दिन रात,
की साईं साईं बोलदे रहिये,

शिरडी दे साईं ने आज है,
संधियाँ दे विच औना,
करके सैयां दर्शन तेरा,
जीवन सफल बनाउना,
साईं नाम है सब तो प्यारा,
बोलदे रहिये ,
हो साईं संध्या दी आई…….

नाम तेरे विच सब है रंगेया,
काइनात एह सारी,
साईं दे भगता नु चड़ गई,
साईं नाम खुमारी,
चलदे फिरदे हर था साईं,
बोलदे रहिये
साईं संध्या दी आई…….

छड के सारी दुनियादारी,
साईं नाम विच रंग जा,
मोह माया नु त्याग दे बंदे,
सेवक इसदा बन जा,
छड के झूठे बंधन साईं,
बोलदे रहिये,
साईं संध्या दी आई.

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