मुझमे राम तुझमे राम सबमे राम समाये है

  • Mujhme Ram Tujhme Ram sabme Ram Samaye Hai

मुझमे राम तुझमे राम
सबमे राम समाये है
सबसे करलो प्रेम जगत में
कोई नहीं पराया है।।

मुझमे राम तुझमे राम
सबमे राम समाये है
जय राम जय राम
जय राम जय राम।।

एक बाप के बेटे हम सब
एक हमारी माता है।।

दाना पानी देने वाला
सबका एक ही दाता है।।

एक ही कारीगर ने सब को
एक मिट्टी से बनाया है।।

मुझमे राम तुझमे राम
सब में राम समाये है
जय राम जय राम जय राम जय राम।।

एक बाग के पुष्प है सारे
एक माला के मोती है।।

एक ही ब्रह्म समाये सबमे
सबमे एक ही ज्योति है।।

ना जाने किस मूरख ने है
लड़ना हमें सिखा है।।

मुझमे राम तुझमे राम
सब में राम समाये है
जय राम जय राम जय राम जय राम।।

एक ही मंजिल सब धर्मों की
अलग अलग सब रहे हैं।।

हिंदू मुस्लिम सिख ईशायी
चारो जगत की दिशा है।।

एक नूर से सब जग उपजा
संतो ने फरमाया है।।

मुझमे राम तुझमे राम
सब में राम समाये है
जय राम जय राम जय राम जय राम।।

सबसे करलो प्रेम जगत में
कोई नहीं पराया है।।

मुझमे राम तुझमे राम
सब में राम समाये है
जय राम जय राम जय राम जय राम।।

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