जाके सिर पर हाथ म्हारा बालाजी को होवे है
जाके सिर पर हाथ म्हारा बालाजी को होवे है,
वाको बाल ना बाको होवे है जाके सिर पर हाथ।।
कलयुग में बाबा का घर घर बजे डंका,
बड़े बलकारी है जो भाव से ध्यावे,
पल भर में आ जावे करे ना देरी है,
जाका जैसा भाव बाबो वैसे ही फल देवे है,
वाको बाल ना बाको होवे है,
जाके सिर पर हाथ म्हारा बालाजी को होवे है,
वाको बाल ना बाको होवे है जाके सिर पर हाथ।।
दुनिया की मस्ती में मत भूल बाबा ने,
यो ही तेरे काम को जईया मनावोला,
यो मान जावेगो भुको है भाव को,
भक्ता रो परिवार यो तो ताण के खुटी सोवे है,
वाको बाल ना बाको होवे है जाके सिर पर हाथ,
म्हारा बालाजी को होवे है,
वाको बाल ना बाको होवे है ,
जाकें सिर पर हाथ।।
एक बार जावोगा हर बार जावोगा,
बाबा के मेले में आंनद ही आंनद,
अमृत की हो बिरखा बाबा के मेले में,
लेकर याको नाम जो भी पैदल याके जावे है,
वाको बाल ना बाको होवे है जाकें सिर पर हाथ,
म्हारा बालाजी को होवे है,
वाको बाल ना बाको होवे है ,
जाकें सिर पर हाथ।।
जाके सिर पर हाथ म्हारा बालाजी को होवे है,
वाको बाल ना बाको होवे है जाकें सिर पर हाथ।।

