हे बजरंगी बलकारी राम थारो मन भावे
हे बजरंगी बलकारी
राम तरो मन भाव
सालसर अवतारी धाम तरो मन भावे
पूरी करोजी मनोकामना
शरण तरी जो आवे।।
हे बजरंगी बलकारी
राम तरो मन भाव
सालसर अवतारी धाम
तरो मन भावे
पूरी करोजी मनोकामना
शरण तरी जो आवे।।
सोहे लाल लंगोटो
मुकुट सर रतन जड्यो है
माँ अंजनी का सूत प्यारा
देह सिंदूर छाड़यो है।।
लाल देह लाली लसे
आरू धार लाल लंगूर
वज्रा देह दानव दालान
जय जय कपि सुर।।
सोहे लाल लंगोटो
मुकुट सर रतन जड्यो है
माँ अंजनी का सूत प्यारा
देह सिंदूर छाड़यो है
लड्डू पेड़ा कोई लावे
सवा मानी कोई करावे।।
पूरी करोजी मनोकामना
शरण तरी जो आवे
सालसर अवतारी
धाम तरो मान भावे
बजरंगी बलकारी
नाम तरो मान भावे।।
हे बसो राम मान
तारे मान राम रोम रोम रमे
तारे नाम हारे सब पीरा
आवे जब विकट समय
जय बजरंगी जय बजरंगी
जय बजरंगी जय बजरंगी।।
संकट कटे मिटे सब पीरा
जो सुमिरे हनुमत बालवीरा।।
हे बसो राम मान
तारे मान राम रोम रोम रमे
तारे नाम हारे सब पीरा
आवे जब विकट समय।।
आओ बजरंग थे पट रखान
बालाजी थाने जो ध्यवे
पूरी करोजी मनोकामना
शरण तरी जो आवे।।
बजरंगी बल्कारी
नाम तरो मन भावे
सालसर अवतारी
धाम तरो मान भावे
बजरंगी बल्कारी
नाम तरो मान भावे।।
