है जगराते की रात ये रात जगाएँगे मेरी मैया शेरोवली

  • Hai Jagrate Ki Raat Ye Raat Jagayenge Meri Maiya Sherowali

मेरी मैया शेरोवली है उँचे मंदिरो वाली
तेरे भक्तो ने मैया जी तेरे नाम की ज्योत जगाली
हम पल पल तेरा ध्यान लगाए
है जगराते की रात ये रात जगाएँगे
मेरी मैया शेरोवली।।

जगदाम्बे अंबे तेरा दरबार सजाया है
हर भक्त यहा जो बैठा अरदास लाया है
कोई अर्जी ना ठुकराना मेहरो का मी बरसाना
तेरे दर पे क्या कमी है दिल खोल के लुटाना
खाली झोली हम दर से भरके जाएँगे
मेरी मैया शेरोवली है उँचे मंदिरो वाली।।

डेदार की प्यासी अंखिया दीदार मैं चाहु
मैं बालक तू मा मेरी तेरा प्यार मैं चाहु
जैसा भी हू मैं तेरा खोता हू या खरा हू
मैं जनता हू माता अवगुणो से मैं भरा हू।।

तेरी बिन दिल का हाल किसे सुनाएँगे
है जगराते की रात ये रात जगाएँगे
मेरी मैया शेरोवली है उँचे मंदिरो वाली।।

तेरे भेट की ताली मैया सज़ा कर लाए है
पान सुपारी ध्वजा नारियल साथ में लाए है।।

स्वीकार करलेणा मा तूने ही सब दिया है
तुझसे ही पाकर अर्पण तुझको ही तो किया है
दीपक काई भाव की तली तुझे चढ़ाएंगे ।।

है जगराते की रात ये रात जगाएँगे
मेरी मैया शेरोवली है उँचे मंदिरो वाली।।

मिलते-जुलते भजन...