भरत प्यारा मेरो नाम हनुमान
भरत प्यारा मेरो नाम हनुमान
हनुमान नाम हनुमान मेरो।।
ऐ भरत प्यारा मेरो नाम
हनुमान नाम हनुमान मेरो।।
कौन दिशा से आयो भाई
इस पहाड़ को करसीन कणिक
देख ले तेरी प्रभुता झेलो मेरो बन
भारत प्यारा मेरो नाम हनुमान।।
लंकापुरी से आयो भाई लूनाकरणजी ने मुरछा ऐ
रावण सुत ने बन चले मेरीओ शक्ति बन
भारत प्यारा मेरो नाम हनुमान।।
कहो भारत क्या जतन उपाऊं
लंगड़ा कर दिया कैसे जाना
संजीवन कैसे मानून उदय होसी भवन
भारत प्यारा मेरो नाम हनुमान।।
अवो बाला बैठा बान पे
तन्ने दिन दून लंका धाम में।।
ऐसे मेरे जचाई ध्यान में बन विमान
भारत प्यारा मेरो नाम हनुमान।।
ले संजीवन हनुमत आए
लछमन जी नए घोल पिलाये
सुखीराम भाषा में गए
चरणो में ध्यान।।
भरत प्यारा मेरो नाम
हनुमान नाम हनुमान मेरो।।
