अमंगल हारी है हनुमान मंगल कारी है हनुमान
अमंगल हारी है हनुमान
मंगल कारी है हनुमान।।
अमंगल हारी है हनुमान
मंगल कारी है हनुमान।।
मंगल को आए जो द्वार द्वार
बेड़ा हो उसका पार पार
हर मुश्किल बाला सारी
अमंगल हारी है बजरंग
मंगल कारी है बजरंग ।।
राम की सेवा राम का ध्यान
करते वियर बलि हनुमान
हे भक्त है राम के भारी
अमंगल हारी है बजरंग
मंगल कारी है हनुमान।।
काटते है दुख के बंधन
अंजनी सूट मारुति नंदन
जोभी चौखट इनकी आए
अमंगल हारी है बजरंग
मंगल कारी है हनुमान।।
दीनो में दिन सूभ मंगलवार
हुए अवतरित हुए पवन कुमार
मंगल मंगल मूर्ति कहलाए
अमंगल हारी है बजरंग
मंगल कारी है हनुमान।।
मंगल को आए जो द्वार द्वार
बेड़ा हो उसका पार पार
हर मुश्किल बाला सारी
अमंगल हारी है बजरंग
मंगल कारी है हनुमान।।

