तुम बिन कौन बिगाड़े प्रभुजी तुम बिन कौन बनाये
तुम बिन कौन बिगाड़े प्रभुजी
तुम बिन कौन बिगाड़े प्रभुजी ।।
तुम बिन कौन बनाये
तुम बिन कौन बनाये
प्रभुजी तुम बिन कौन बनाये।।
तुम बिन कौन बिगड़े प्रभुजी
तुम बिन कौन बिगड़े प्रभुजी।।
तुम बिन कौन बनाये
तुम बिन कौन बनाये
प्रभुजी तुम बिन कौन बनाये।।
मान गुमान भले कोई करे
मान गुमान भले कोई करे
झूठा गरवा कामये।।
कौन किसी को मार सके है
कौन किसी को मार सके है
जिस को कौन बचेले।।
तुम बिन और कौन की ताकत
तुम बिन और कौन की ताकत
राखे और मिताये।।
तुम बिन कौन बनाए प्रभुजी
तुम बिन कौन बनाए प्रभुजी।।
प्रेरक प्राण तुम हो जग के
प्रेरक प्राण तुम हो जग के
सब के भाग्य विधाता।।
जनम मारन दुख सुख यश उपयश
जनम मारन दुख सुख यश उपयश
हानी लाभ के दाता।।
माई बस मंगू कृपा तुम्हारी
माई बस मंगू कृपा तुम्हारी
शरण तुम्हारी आया
तुम बिन कौन बनाये
प्रभुजी तुम बिन कौन बनाये
राजा को तुम रंक बन दो
राजा को तुम रंक बन दो
रंक राज दिलवा दो
भरे हुए को रीता करदो
भरे हुए को रीता करदो
रीते को भरवा दो।।
एक नज़र बस तेरी महर की
एक नज़र बस तेरी महर की
मंगू मैं शरणा
तुम बिन कौन बनाये
प्रभुजी तुम बिन कौन बनाये।।
तुम बिन कौन बिगड़े प्रभुजी
तुम बिन कौन बिगड़े प्रभुजी।।
तुम बिन कौन बनाये
प्रभुजी तुम बिन कौन बनाये
प्रभुजी तुम बिन कौन बनाये।।


