राम की महिमा न्यारी तीन से तीनो लोक चलत है

  • Ram Ki Mahima Nyari Teen Se Teeno Lok Chalat Hai

एक का मतलब एक राम है
दो से दुनिया दारी
तीन से तीनो लोक चलत है
राम की महिमा न्यारी।।

गायक – सत्य अधिकारी

एक का मतलब एक राम है
दो से दुनिया दारी
तीन से तीनो लोक चलत है
राम की महिमा न्यारी।।

चार से चारो धाम
पंच से पंचो तत्व बलधारी।।

छ से छाव धूप
सात से साधु संगत सारी।।

सत्सगी वचनो को सुनकर
मन होता सुखारी।।

तीन से तीनो लोक चलत है
राम की महिमा न्यारी।।

आठ से आठो यम है पूजा
नव से शुभ नवराते।।

दस से दशो दिशाए राम की
और झूठी सब बाते।।

राम शरण में एक दिन
सबको जाना बारी बारी।।

तीन से तीनो लोक चलत है
राम की महिमा न्यारी।।

ग्यारह की गिंटी से गंगा
शिव के शीश विराजी।।

बरह से ब्रह्म और
विष्णु हो जाते है राजी।।

भागीरथ के जैसा
धरम बांके देख पुजारी।।

तीन से तीनो लोक चलत है
राम की महिमा न्यारी।।

कभी ना साथ निभाए तेरी
मोह माया की गिंटी
बंजा काज बैरागी करले प्रभु से विन्ती
सबके ही भंडार भरे वो
सबका है भंडारी।।

कभी ना साथ निभाए तेरी
मोह माया की गिंटी
बंजा काज बैरागी करले प्रभु से विन्ती
सबके ही भंडार भरे वो
सबका है भंडारी।।

तीन से तीनो लोक चलत है
राम की महिमा न्यारी।।

एक का मतलब एक राम है
दो से दुनिया दारी
तीन से तीनो लोक चलत है
राम की महिमा न्यारी।।

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