हर रोज हो आरती श्री राम आरती है
सब जग मिलके आरती उतारे
लंका जीत कर वीर पधारे
सब जग मिलके आरती उतारे
लंका जीत कर वीर पधारे
विश्वभारती है वीरो की आरती है
वीरो की आरती है ये विश्व भारती है
हर रोज हो दिवाली श्री राम आरती है
हर रोज हो दिवाली श्री राम आरती है
जय राम जय राम जय जय रामायण
जय राम जय राम जय जय रामायण ॥
नारायण आवतारे भारत भूमि पधारे
नारायण आवतारे भारत भूमि पधारे
मर्यादा धरती है श्री राम आरती है
नगरी अवध में आये दशरथ के लाल जाए
कौशल्या माँ शती है श्री राम आरती है
कौशल्या माँ शती है श्री राम आरती है
जय राम जय राम जय जय रामायण
जय राम जय राम जय जय रामायण ॥
वन वास को जा रहा लक्ष्मण सिया सहारा
कैकई निकालती है सिया राम आरती है
लक्ष्मण भारत सा भाई हनुमान सा सहाई
शबरी पुकारती है श्री राम आरती है
शबरी पुकारती है श्री राम आरती है
जय राम जय राम जय जय रामायण
जय राम जय राम जय जय रामायण ॥
सागर पे धनुष धरी नल नील से ना साड़ी
पत्थर भी तैरती है श्री राम आरती है
लंका भी हारती है दानव भी संहारती है
लंका पति को मारे श्री राम आरती है
जय राम जय राम जय जय रामायण
जय राम जय राम जय जय रामायण ॥
सरयू के तट पे डाले लाख दीपो ने उजाले
छोटू भी आरती में श्री राम आरती है
विशिष्ठ गवाइ है वाल्मीकि की लिखाई है
रामायण पुकारती है श्री राम आरती है .
रामायण पुकारती है श्री राम आरती है
जय राम जय राम जय जय रामायण
जय राम जय राम जय जय रामायण ॥

