सबसे महान मेरे प्यारे हनुमान
वीर महावीर रणधीर बलवान
सबसे महान मेरे प्यारे हनुमान।।
वीर महावीर रणधीर बलवान
सबसे महान मेरे प्यारे हनुमान।।
लक्ष्मण मूर्च्छा देख घबराए श्री राम
हनुमत ने लिया था बड़ी हिम्मत से काम।।
संजीवनी बूटी लाए बची लखन की जान
सबसे महान मेरे प्यारे हनुमान।।
दुखियो के दुख तुम करते हो दूर
दोस्तो के तोड़ते हो पल में गरूर।।
इसलिए लोग तुम्हे कहते दयावान
सबसे महान मेरे प्यारे हनुमान।।
लंका में तुमने मचाया हाहाकार
एक पल में ही किया सब किया आरपार।।
रावण का तोड़ दिया सारा अभिमान
सबसे महान मेरे प्यारे हनुमान।।
वीर महावीर रणधीर बलवान
सबसे महान मेरे प्यारे हनुमान।।

