मुझको प्यारे है हनुमान और मुझे कुछ भाये ना
जय जय हनुमान जपु मैं
और समाज कुछ आए ना
मुझको प्यारे है हनुमान
और मुझे कुछ भाये ना।।
बजरंगी तो निराले है
भक्तो के रखवाले।।
संकट से हनुमान बचाए
पूजा को बचाये ना।।
मुझको प्यारे है हनुमान
और दूजा कोई भाये ना।।
जिसके हनुमत की भक्ति
लगी पार है उसकी कश्ती।।
हनुमत की शक्ति के आगे
कोई भी टिक पाए ना।।
मुझको प्यारे है हनुमान
और दूजा कोई भाये ना।।
जय जय हनुमान जपु मैं
और समाज कुछ आए ना
मुझको प्यारे है हनुमान
और दूजा कोई भाये ना।।
