सीताराम गाइये
जब दुःख का साया छाये, सीताराम गाइये,
जब कुछ भी समझ ना आये, सीताराम गाइये,
गाओ भैया !
जब दुःख का साया छाये, सीताराम गाइये,
जब कुछ भी समझ ना आये, सीताराम गाइये,
सीताराम गाइये, सीताराम गाइये-०२
जब मन भारी हो जाए, सीताराम गाइये-०२
दो दिन का ये मेला है, फिर लौट के हमें जाना है-०२
माया का ये जाल सारा,
झूठा ताना बना है-०२
जब ये बात समझ आ जाए, सीताराम गाइये-०२
सीताराम गाइये, सीताराम गाइये-०२
जब मन भारी हो जाए, सीताराम गाइये-०२
ये अपना कहने वाले, अपने कहाँ होते हैं-०२
मुश्किल में सबसे पहले,
यही दूर होते है, हो यही दूर होते हैं,
जब ये अपने तुम्हें रुलाये, सीताराम गाइये,
जब अपने तुम्हें रुलाये, सीताराम गाइये,
सीताराम गाइये, सीताराम गाइये-०२
जब मन भारी हो जाए, सीताराम गाइये-०२
जब कुछ भी समझ ना आये, सीताराम गाइये-०२

