धाम अपने माँ बुलाले मुझको अपने चरणों में जगह दे मुझको
तेरे दरबार का ये करिश्मा है
सब को मिलता है यहा बिन माँगे यहा
जोभी आया है यहा गया ना खाली
तुझसा दयावान है जाग में कहा।।
धाम अपने माँ बुलाले मुझको
अपने चरणों में जगह दे मुझको
मा अपने चरणों में जगह दे मुझको।।
मुझे मुश्किलो ने मा घेर लिया
मुझे दुखो ने मा तबाह कर दिया।।
सबने ही मा मुझसे मूह फेर है
सच्चाई है मा मेरा बड़ा बुरा हाल है
मेरा हाल बहाल है
अपने चर्नो में जगह दे मुझको
मा अपने चर्नो में जगह दे मुझको।।
धाम अपने मा बुलले मुझको
अपने चरणों में जगह दे मुझको
माँ अपने चरणों में जगह दे मुझको।।
नयन तरसे है माँ तेरे दर्शन के लिए
कितनी बेचैन हू माँ काम आने के लिए।।
अओ जो द्वार तेरे छ्चोड़ू ना चरण तेरे
चैन आ जाए मा दर्श पौ जो तेरे
जगदाम्बे मा तू कर्दे रहम
दीदार हो तेरा हो जो करम
शरद्धा का मेरी मा रखले भरम
तुझको तेरी ममता की कसम मा ओ मा।।
मैं जानती हू तू मेहर मुझपे करेगी
जब चाहेगी मुझे भी दर बुललेगी
धाम अपने मा बुलले मुझको
अपने चरणों में जगह दे मुझको ।।
