तीनो बहनिया नाच रही बगिया में
तीनो बहनिया नाच रही बगिया में
महाकाली शारदा लक्ष्मी बगिया में।।
जगदम्बा महालक्ष्मी नाच रही बगिया में
जगदम्बा माँ शारदा नाच रही
जगदम्बा महालक्ष्मी नाच रही बगिया में।।
तीनो बहनिया नच रही बगिया में
महाकाली शारदा लक्ष्मी बगिया में।।
महाकाली की पायल छम छम बाजे
भोले के मन को ऐसो रिझावे।।
लाल चुनरिया ऐसो सोहे मथे की बिंदिया मन को मोहे
सिंघा को साथ लिए नाच रहे बगैया।।
महाकाली शारदा लक्ष्मी बगिया में
तीनो बहनिया नच रही बगिया में।।
शारदे की पायल छम छम बाजे
मैहर में ऐसो शोर मचाव।।
उचे पहाड़िया ऐसो सोहे
आल्हा भगत तोरे दरश को रॉय
वीणा को हाथ लिए नाच रही बगिया में।।
महाकाली शारदा लक्ष्मी बगिया में
तीनो बहनिया नाच रही बगिया में।।
महालक्ष्मी की पायल छम छम बाजे
विष्णु के मन को ऐसो रिझावे।।
तोरे आगे धन की देवी तोहे मानवे
लाल कमल लिए नाच रही बगिया में।।
महाकाली शारदा लक्ष्मी बगिया में
तीनो बहनिया नाच रही बगिया में।।
