दाना पानी खींच के ले आंदा कौन किसे दा खांडा

  • dana pani khich ke le aanda kaun kise da khanda

दाना पानी खींच के ले आंदा कौन किसे दा खांडा,

कहनु करदा झड़े चैड़े न वस् तेरे न वस् मेरे गुनाह वस् मेरे,
आपस दे विच वंद के खा लो नाल न को ले जांदा,
दाना पानी खींच के ले आंदा कौन किसे दा खांडा,

किथों चल्या किथे रलया तू क्यों सोचा सोचे बलैया,
मोहर है दाने दाने उते दान नाल ले आंदा,
दाना पानी खींच के ले आंदा कौन किसे दा खांडा,

तू रख डोरी रब ते मित्रा काह्नु होना है बेशुकरा,
तू जग अंदर पीछो आवे ओ पहले लिख जंदा
दाना पानी खींच के ले आंदा कौन किसे दा खांडा,

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