हे हरी मैं जैसो तैसो तेरो
हे हरी, मैं जैसो तैसो तेरो,
मुझे न छोड़ो, दीन घनेरो,
भूल चूका पथ, मन अंधेरो,
हे हरी, मैं जैसो तैसो तेरो,
पापी हूँ, तेरा हीं जन,
आश्रय दे, अब चरण रघुनन्दन,
दोष मेरा, दया तेरा,
मुझको तारो, नाथ घनेरो,
हे हरी, मैं जैसो तैसो तेरो,
मुझे न छोड़ो, दीन घनेरो,
भूल चूका पथ, मन अंधेरो,
हे हरी, मैं जैसो तैसो तेरो।
और इस भजन से भी आनंदित हों : चरणों में रघुवर के
दुनिया का मोह मिटाना है,
राम नाम हीं अब गाना है,
तेरे बिना नहीं कोई मेरा,
भक्त तुम्हारा, प्राण घनेरो,
हे हरी, मैं जैसो तैसो तेरो,
मुझे न छोड़ो, दीन घनेरो,
भूल चूका पथ, मन अंधेरो,
हे हरी, मैं जैसो तैसो तेरो।
करुणा सागर तू जग तारा,
रघुनाथ तू हीं पार उतारा,
जो भी शरण में आया तेरी,
राम उसे तू ले ले गोद घनेरो,
हे हरी, मैं जैसो तैसो तेरो,
मुझे न छोड़ो, दीन घनेरो,
भूल चूका पथ, मन अंधेरो,
हे हरी, मैं जैसो तैसो तेरो।

